The Hiding Truth - 1 in Hindi Thriller by Suresh sondhiya books and stories PDF | The Hiding Truth - 1

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The Hiding Truth - 1


अध्याय 1: प्रतिज्ञा और पुराना घर
भविष्य की चकाचौंध और अत्याधुनिक तकनीक से लैस शहर की ऊँची इमारतों के बीच, सिया का मन अशांत था। वह एक माहिर गेमर था, लेकिन आज उसके सामने ज़िंदगी का सबसे कठिन लेवल था—अपने लापता भाई को ढूँढना।



उसकी बहन, रिया, उसे समझाने की कोशिश कर रही थी, "सिया, बाहर खतरा है, हमें पुलिस की मदद लेनी चाहिए।"



सिया ने गुस्से में पास पड़ी मेज पर जोरदार मुक्का मारा, जिससे कांच के गिलास खनखना उठे। "पुलिस? वे महीनों से बस फाइलें देख रहे हैं, रिया! बस अब बहुत हुआ। वह मेरा भाई है, और मैं उसे ढूँढकर ही रहूँगा, चाहे इसके लिए मुझे पाताल ही क्यों न नापना पड़े!"



रिया ने उसकी आँखों में वह जुनून देखा जिसे रोकना नामुमकिन था। सिया अपनी जैकेट उठाकर पुराने घर की ओर निकल पड़ा, जहाँ उनके बचपन की यादें और शायद कुछ राज दफन थे।



पुराने घर की धूल भरी हवा में एक अजीब सी खामोशी थी। अलमारी के पीछे उसे एक पुरानी पारिवारिक तस्वीर दिखी। जैसे ही उसने उसे हटाया, उसके पीछे एक गुप्त ताख में एक पीतल की चाबी रखी थी। तभी अचानक, छत की सीलिंग से एक भारी लकड़ी का बक्सा धड़ाम से नीचे गिरा। सिया ने चाबी लगाई, बक्सा खुला और उसके अंदर से एक चर्मपत्र का नक्शा निकला। यह शहर के नीचे दबे एक प्राचीन मंदिर का रास्ता था।


अध्याय 1: प्रतिज्ञा और पुराना घर
भविष्य की चकाचौंध और अत्याधुनिक तकनीक से लैस शहर की ऊँची इमारतों के बीच, सिया का मन अशांत था। वह एक माहिर गेमर था, लेकिन आज उसके सामने ज़िंदगी का सबसे कठिन लेवल था—अपने लापता भाई को ढूँढना।



उसकी बहन, रिया, उसे समझाने की कोशिश कर रही थी, "सिया, बाहर खतरा है, हमें पुलिस की मदद लेनी चाहिए।"



सिया ने गुस्से में पास पड़ी मेज पर जोरदार मुक्का मारा, जिससे कांच के गिलास खनखना उठे। "पुलिस? वे महीनों से बस फाइलें देख रहे हैं, रिया! बस अब बहुत हुआ। वह मेरा भाई है, और मैं उसे ढूँढकर ही रहूँगा, चाहे इसके लिए मुझे पाताल ही क्यों न नापना पड़े!"



रिया ने उसकी आँखों में वह जुनून देखा जिसे रोकना नामुमकिन था। सिया अपनी जैकेट उठाकर पुराने घर की ओर निकल पड़ा, जहाँ उनके बचपन की यादें और शायद कुछ राज दफन थे।



पुराने घर की धूल भरी हवा में एक अजीब सी खामोशी थी। अलमारी के पीछे उसे एक पुरानी पारिवारिक तस्वीर दिखी। जैसे ही उसने उसे हटाया, उसके पीछे एक गुप्त ताख में एक पीतल की चाबी रखी थी। तभी अचानक, छत की सीलिंग से एक भारी लकड़ी का बक्सा धड़ाम से नीचे गिरा। सिया ने चाबी लगाई, बक्सा खुला और उसके अंदर से एक चर्मपत्र का नक्शा निकला। यह शहर के नीचे दबे एक प्राचीन मंदिर का रास्ता था।



अध्याय 2: भूलभुलैया और रहस्यमयी वस्तु
नक्शे के निशानों का पीछा करते हुए सिया शहर के सबसे पुराने और वीरान इलाके में पहुँचा। वहाँ एक विशाल पत्थर का द्वार था, जिस पर अजीबोगरीब आकृतियाँ बनी थीं। सिया ने जोर लगाया और भारी दरवाजा चरमराते हुए खुल गया।

अंदर का नजारा किसी डरावनी फिल्म जैसा था। वह एक-एक कर कमरों को